Saturday, February 4, 2012

अक्स


कांच केआयनेमें दिखने वाला अक्स छलावा है,
दिल के आयनेमें अपना अक्स साफ़ नज़र आता है.

Wednesday, February 1, 2012

डर


कश्ती में बैठकर पानीसे डरा नहीं करते.
खुदपे भरोसा न हो तो साहस किया नहीं करते,
तूफ़ान कभी भी बता कर आया नहीं करते,
उसी खौफ के मारे रोज-रोज मरा नहीं करते.

टूटे पत्ते


हरेभरे पेड़ काटने पर भी फूटती है नयी टहनियाँ,
फूलों को तोड्ने पर भी उग आती है नयी कलियाँ,
खाली हो जाने पर फिर से भर जाती है नदियाँ,
एक इंसान ही है जो टूटने के बाद संभल पाता नहीं है.